Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Lesson Plan In Hindi For B.Ed/D.El.Ed : पृथ्वी की आंतरिक संरचना पाठ योजना

0
82

Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Lesson Plan In Hindi For B.Ed/D.El.Ed : पृथ्वी की आंतरिक संरचना पाठ योजना

Friends, आज हम आपके लिए Social Study SST Lesson Plan Series लेकर आये हैं , जिसमें आज हम आपको Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Lesson Plan (पृथ्वी की आंतरिक संरचना पाठ योजना) देने वाले हैं | Class 6th/7th/8th के लिए Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Ke Sadhan Lesson Plan को Search कर रहे B.Ed D.El.Ed Students के लिए आज का हमारा Article काफी मददगार साबित होगा |

  • Class : 6th 7th 8th Class
  • Subject : Social Science (सामजिक अध्ययन)
  • Skill : Reinforcement Skills
  • Topic : Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Lesson Plan (पृथ्वी की आंतरिक संरचना पाठ योजना)
  • Type : Mega Lesson Plan In Hindi

Prithvi Ki Aantrik Sanrachna Ka Lesson Plan

Date :  Duration Of The Peroid :
Pupils Teacher Name : Pupil Teacher’s Roll Number :
Class : Average Age Of the Pupils :
Subject : Topic :

विषय वस्तु विश्लेषण

  1. पृथ्वी का आंतरिक भाग
  2. भूपर्पटी, मेंटल, क्रोड

सामान्य उद्देश्य

  1. विद्यार्थियों में सामाजिक कौशलो व आदतों का विकास करना |
  2. विद्यार्थियों में सामाजिक कुशलता का विकास करना|
  3. विद्यार्थियों में समस्या समाधान योग्यता का विकास करना |

अनुदेशनात्मक उद्देश्य

  1. विद्यार्थी पृथ्वी की आंतरिक संरचना के बारे में जान पाएंगे |
  2. विद्यार्थी पृथ्वी की परतों का प्रत्यास्मरण कर सकेंगे |
  3. विद्यार्थी पृथ्वी की परतों की व्याख्या कर सकेंगे |
  4. विद्यार्थी पृथ्वी के आंतरिक तत्वों का पहचान कर पाएंगे |
  5. विद्यार्थी पृथ्वी के मेंटल की संरचना को समझ पाएंगे |
  • सामान्य सहायक शिक्षण सामग्री – चौक, डस्टर, चौक-बोर्ड, संकेतक आदि
  • अनुदेशनात्मक सामग्री  – पृथ्वी की विभिन्न परतों को दर्शाता हुआ चार्ट
  • पूर्व ज्ञान परिकल्पना – छात्र अध्यापिका विद्यार्थियों के ज्ञान का यह अनुमान लगाकर चलती है कि विद्यार्थियों को पृथ्वी की विभिन्न परतों के बारे में सामान्य जानकारी होगी |
  • पूर्व ज्ञान परीक्षण – छात्र अध्यापिका विद्यार्थियों के पूर्व ज्ञान हेतु निम्नलिखित प्रश्न पूछेंगी |
छात्र अध्यापिका क्रियाएं छात्र क्रियाएं
किस ग्रह पर जीवन संभव है ? पृथ्वी पर
पृथ्वी की स्थिति क्या है ? निरंतर परिवर्तन होने वाली
पृथ्वी का आंतरिक भाग कैसा है ? समस्यात्मक प्रश्न

उपविषय की घोषणा छात्रों के अंतिम प्रश्न का संतोषजनक उत्तर  ना मिलने पर छात्र अध्यापिका उप विषय की घोषणा करेंगी कि अच्छा बच्चों आज हम पृथ्वी की विभिन्न परतों के बारे में पढ़ेंगे |

प्रस्तुतीकरण – छात्र अध्यापिका व्याख्यान विधि व चार्ट के माध्यम से कक्षा में अपना पाठ प्रस्तुत करेंगी|

शिक्षण बिंदु छात्र अध्यापिका क्रियाएं छात्र क्रियाएं चॉक बोर्ड कार्य
आंतरिक भाग छात्र अध्यापिका कथन छात्र अध्यापिका कक्षा में संचलन करते हुए बताएंगे कि जिस तरह पृथ्वी की ऊपरी सतह जो हमें दिखाई देती है उसमें तो परिवर्तन होते हैं उसमें तापमान जलवायु सभी का प्रभाव पड़ता है परंतु पृथ्वी के 6371 किलोमीटर आंतरिक भाग में क्या है| पृथ्वी का निर्माण किन पदार्थों में हुआ है यह जानने के लिए हमें पृथ्वी की आंतरिक संरचना के बारे में जानना होगा|

प्रश्न – पृथ्वी की आंतरिक संरचना कैसी है ?

विद्यार्थी ध्यान  से सुनेंगे|

विद्यार्थी मौन रहेंगे|

 पृथ्वी की संरचना छात्र अध्यापिका कथन छात्र अध्यापिका कक्षा में घूमते हुए बताएंगे कि जिस प्रकार एक प्याज में परत के ऊपर परत है उसी प्रकार ही पृथ्वी की संरचना है पृथ्वी भी एक के ऊपर एक सैकेंद्री परतो से बनी है |

प्रश्न – पृथ्वी की कितनी परते हैं?

छात्र ध्यान पूर्वक सुनेंगे|

तीन परते हैं|

 

 

पृथ्वी की आंतरिक परतें  छात्र अध्यापिका कथन छात्र अध्यापिका चार्ट के माध्यम से विद्यार्थियों को पृथ्वी की विभिन्न आंतरिक बातों से अवगत कराएंगे की पृथ्वी की तीन परते हैं-

1.    भूपर्पटी

2.    मेंटल

3.    क्रोड

 

छात्र ध्यान पूर्वक सुनेंगे वह अपनी कॉपी में लिखेंगे|
भूपर्पटी  पृथ्वी की सबसे ऊपरी परत को भूपर्पटी कहते हैं इसे पपड़ी या पृथ्वी की ऊपरी सतह क्रस्ट  भी कहते हैं इसे पपड़ी महाद्वीपीय क्षेत्र में यह 35 किलोमीटर एवं समुद्री सतह से केवल 5 किलोमीटर तक है| महाद्वीपीय सतह मुख्य रुप से सिलिका व एलुमिनियम जैसे खनिजों से बनी है महासागर की भूपर्पटी सिलिका मैग्नीशियम की बनी है क्रस्ट की ऊपरी सतह का घनत्व 2.8 एवं निचली  क्रस्ट 3.0 है|  
मेंटल  यह पर्पटी व कोर के बीच का भाग है यह 3900 किलोमीटर की गहराई तक फैला है |  
क्रोड यह पृथ्वी की सबसे आंतरिक परत है| इसकी त्रिज्या लगभग 35 किलोमीटर है| यह मुख्यता निकल और लौह की बनी है निकल और फैरस यह पृथ्वी के मध्य भाग का सघन तरलीय भाग है केंद्रित क्रोड का तापमान एवं दाब काफी उच्च होता है यह अत्यधिक गर्मी और दबाव के कारण जल अवस्था में होती है पृथ्वी का क्रोड दो भागों में विभाजित है-

1.    बाह्य क्रोड

2.    आंतरिक क्रोड

छात्र अध्यापिका एक विद्यार्थियों को खड़ा करके पूछेंगे कि पृथ्वी का मध्य भाग तरलीय क्यों होता है|

 अधिक तापमान के कारण  

 सामान्यीकरण  ऐसा  सामान्यीकरण छात्र अध्यापिका द्वारा किया जाता है कि विद्यार्थियों को सिंधु घाटी सभ्यता के बारे में जानकारी हो गई होगी |

पुनरावृत्ति

  1. पृथ्वी की कितनी परते हैं ?
  2. पृथ्वी के कितने भाग हैं ?
  3. मेंटल परत के बारे में बताओ ?

गृहकार्य –

  1. पृथ्वी की परतों का विवरण दो ?
  2. पृथ्वी की आंतरिक संरचना के बारे में बताओ ?
  3. पृथ्वी के भागों का वर्णन करो ?

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here